🧔🏻♂आचार्य प्रशांत गीता पढ़ा रहे हैं। घर बैठे लाइव सत्रों से जुड़ें, अभी फॉर्म भरें — https://acharyaprashant.org/hi/enquiry-gita?cmId=m00021 📚 आचार्य प्रशांत की पुस्तकें पढ़ना चाहते हैं? फ्री डिलीवरी पाएँ: https://acharyaprashant.org/hi/books?cmId=m00021 📲 आचार्य प्रशांत की मोबाइल ऐप डाउनलोड करें: Android: https://play.google.com/store/apps/details?id=org.acharyaprashant.apbooks iOS: https://apps.apple.com/in/app/acharya-prashant/id1603611866 📝 चुनिंदा बोध लेख पढ़ें, खास आपके लिए: https://acharyaprashant.org/en/articles?l=1&cmId=m00021 ➖➖➖➖➖➖ #AcharyaPrashant #आचार्यप्रशांत #Philosophy #BhagavadGita वीडियो जानकारी: 29.12.24, नई दिल्ली Title: युवा शक्ति को ललकार || आचार्य प्रशांत (2024) 📋 Video Chapters: 0:00 - Intro 1:32 - बुक स्टॉल्स (Book Stalls) का अनुभव और उनका महत्व 3:03 - बुक स्टॉल्स लगाना एक उत्सव है 5:00 - सही गुरु मिलना कितना महत्वपूर्ण होता है 6:33 - गीता से अधिक लोगों को जोड़ने की जिम्मेदारी 9:01 - संस्था का मिशन और इसकी जिम्मेदारी 11:03 - समर्थन देना भी एक योगदान है 13:13 - समाज बदलने की जिम्मेदारी किसकी है? 16:01 - सिर्फ ज्ञान नहीं, कर्म भी जरूरी है 17:44 - बाहरी अच्छे काम करने से पहले आंतरिक बदलाव आवश्यक 20:07 - मूल्यवान समय और ऊर्जा को सही दिशा में लगाना 22:01 - सिर्फ अच्छे काम करना पर्याप्त नहीं, गहराई से बदलाव जरूरी 25:33 - सही बदलाव लाने के लिए समाज में संघर्ष आवश्यक 26:48 - सीखने और सिखाने की प्रक्रिया का महत्व 30:59 - शिक्षा प्रणाली में आध्यात्मिकता और जीवन मूल्य 32:16 - इंजीनियरिंग डिग्री (Engineering Degree) और अधूरी शिक्षा की सच्चाई 34:38 - सही शिक्षा को अनिवार्य करने की आवश्यकता विवरण: आचार्य प्रशांत बताते हैं कि बुकस्टॉल लगाना सिर्फ एक छोटा कदम नहीं, बल्कि एक बड़े अभियान का हिस्सा है। वे कहते हैं कि इस काम में विचार से ज्यादा जरूरी समर्पण और प्रेम है। वे अपने पुराने अनुभव साझा करते हैं, जब वे खुद साइकिल या बाइक से बुकस्टॉल तक जाते थे और इसे एक उत्सव की तरह मानते थे। जब प्रश्नकर्ता बुकस्टॉल की सफलता के बारे में पूछते हैं, तो आचार्य जी समझाते हैं कि इसका मूल्यांकन बाहरी प्रतिक्रिया से नहीं, बल्कि खुद के समर्पण से होना चाहिए। वे बताते हैं कि बुकस्टॉल जैसी गतिविधियां समाज के लिए बहुत जरूरी हैं, लेकिन असली लक्ष्य गीता और सत्य के संदेश को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुँचाना है। उनका साफ संदेश है – सिर्फ हिस्सा लेना काफी नहीं, असली बदलाव लाना जरूरी है। 🎧 सुनिए #आचार्यप्रशांत को Spotify पर: https://open.spotify.com/show/3f0KFweIdHB0vfcoizFcET?si=c8f9a6ba31964a06 प्रसंग: संगीत: मिलिंद दाते ~~~~~