🧔🏻♂️ आचार्य प्रशांत गीता पढ़ा रहे हैं। घर बैठे लाइव सत्रों से जुड़ें, अभी फॉर्म भरें — https://acharyaprashant.org/hi/enquiry-gita?cmId=m00021 📚 आचार्य प्रशांत की पुस्तकें पढ़ना चाहते हैं? फ्री डिलीवरी पाएँ: https://acharyaprashant.org/hi/books?cmId=m00021 📲 आचार्य प्रशांत की मोबाइल ऐप डाउनलोड करें: Android: https://play.google.com/store/apps/details?id=org.acharyaprashant.apbooks iOS: https://apps.apple.com/in/app/acharya-prashant/id1603611866 📝 चुनिंदा बोध लेख पढ़ें, खास आपके लिए: https://acharyaprashant.org/en/articles?l=1&cmId=m00021 ➖➖➖➖➖➖ #acharyaprashant वीडियो जानकारी: 30.12.23, संत सरिता, ग्रेटर नॉएडा प्रपोज़ करने गया था, डर के मारे गीता का श्लोक सुनाकर आ गया || आचार्य प्रशांत (2023) 📋 Video Chapters: 0:00 - Intro 1:34 - धर्म और सामाजिक नैतिकता का दबाव 10:11 - सेक्स (Sex) और मानव व्यवहार 20:22 - सेक्स (Sex)और महिला की देह के प्रति आकर्षण 30:33 - Sex का नशा दिया जाता है विज्ञापन के माध्यम से 33:48 - वो लड़की बाद में है पहले इंसान है 34-09 - कबीर साहब के दोहे और भजन 36:42 - समापन विवरण: इस वीडियो में आचार्य जी ने सेक्स और उसके सामाजिक, धार्मिक, और मनोवैज्ञानिक पहलुओं पर गहन चर्चा की है। उन्होंने बताया कि कैसे समाज में सेक्स को वर्जित किया गया है और इसके कारण लोग अपराधबोध और शर्मिंदगी महसूस करते हैं। आचार्य जी ने यह भी स्पष्ट किया कि सेक्स केवल एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, जिसे न तो अत्यधिक महत्व दिया जाना चाहिए और न ही इसे पूरी तरह से दबाया जाना चाहिए। उन्होंने यह सुझाव दिया कि लोगों को अपनी इच्छाओं और स्वभाव को समझना चाहिए, ताकि वे स्वस्थ और संतुलित जीवन जी सकें। प्रसंग: ~ विपरीत लिंगी के प्रति शर्म क्यों आती है? ~ तथाकथित धार्मिक लोगों ने सेक्स को घटिया क्यों बताया? ~ धार्मिक लोगों ने सेक्स का दुरुपयोग कैसे किया है? ~ क्यों मनुष्य इतना सेक्शुअल हो गया है? ~ सेक्स के दमन से क्या दुष्प्रभाव हुए? संगीत: मिलिंद दाते ~~~~~